सागर, 13 अगस्त 2026। कलेक्ट्रेट कार्यालय में शासकीय कार्यों की प्रगति और लंबित प्रकरणों के निराकरण की स्थिति जानने के लिए कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने गुरुवार को जिला आपूर्ति एवं खाद्य नियंत्रक शाखा का औचक निरीक्षण किया। अचानक पहुंची कलेक्टर ने शाखा में चल रहे कार्यों, जांच प्रकरणों, लंबित मामलों तथा अब तक की गई कार्रवाई की विस्तार से समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्रीमती पाल ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से विभिन्न जांच प्रकरणों की जानकारी लेते हुए उनकी वर्तमान स्थिति जानी। उन्होंने लंबित प्रकरणों को मौके पर देखा और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। सभी मामलों का नियमानुसार परीक्षण कर समय-सीमा में शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने शाखा में जांच प्रकरणों की पेंडेंसी पाए जाने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने लंबित मामलों के संबंध में जिम्मेदारी तय करते हुए कार्यालय में पदस्थ सहायक ग्रेड-3 को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासकीय कार्यालयों में प्राप्त होने वाले प्रकरणों पर समयबद्ध कार्रवाई प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है और कार्य में लापरवाही किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
दायरा पंजी का किया अवलोकन
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने दायरा पंजी का भी अवलोकन किया। उन्होंने पंजी में दर्ज आवेदनों को मौके पर निकलवाकर उनकी वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। संबंधित कर्मचारियों से पूछा गया कि प्रत्येक आवेदन पर अब तक क्या कार्रवाई की गई है और यदि कोई प्रकरण लंबित है तो उसके लंबित रहने का कारण क्या है।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि दायरा पंजी में दर्ज सभी आवेदनों की नियमित समीक्षा की जाए तथा जिन प्रकरणों में कार्रवाई अपेक्षित है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। उन्होंने रिकॉर्ड को व्यवस्थित और अद्यतन रखने के निर्देश भी दिए, ताकि किसी भी आवेदन या जांच प्रकरण की स्थिति आसानी से पता चल सके।
एफआईआर प्रकरणों की भी ली जानकारी
कलेक्टर श्रीमती पाल ने खाद्य शाखा द्वारा की गई कार्रवाई के अंतर्गत दर्ज एफआईआर प्रकरणों का भी अवलोकन किया। उन्होंने संबंधित मामलों की जानकारी लेते हुए यह जाना कि किन प्रकरणों में कार्रवाई की गई है और उनकी वर्तमान स्थिति क्या है। अधिकारियों से प्रकरणवार जानकारी प्राप्त कर उन्होंने आवश्यक कार्रवाई नियमानुसार जारी रखने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने कहा कि खाद्य एवं आपूर्ति से जुड़े प्रकरण सीधे आम नागरिकों के हितों से संबंधित होते हैं। इसलिए ऐसे मामलों में जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया पारदर्शी, निष्पक्ष और समयबद्ध होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रकरणों के निराकरण में अनावश्यक देरी न हो और प्रत्येक मामले में नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
औचक निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने शाखा के कार्यों की समग्र स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों-कर्मचारियों को कार्यप्रणाली में और अधिक गति एवं जवाबदेही लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर उनकी पेंडेंसी कम की जाए तथा नागरिकों से जुड़े मामलों में तत्परता के साथ कार्रवाई की जाए।
ब्यूरो रिपोर्ट - 'द प्राइम एक्सप्रेस'
संवाददाता - अर्पित सेन
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